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BJP: अशोकनगर के प्रभारी विधायक शैलेन्द्र जैन ने की संगठन पदाधिकारियों से चर्चा

BJP: अशोकनगर के प्रभारी विधायक शैलेन्द्र जैन ने की संगठन पदाधिकारियों से चर्चा


तीनबत्ती न्यूज: 14 फरवरी ,2026

सागर। भारतीय जनता पार्टी के  विधायक शैलेंद्र कुमार जैन ने अपने प्रभार जिले अशोकनगर नगर प्रवास के दौरान पार्टी पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं से आत्मीय मुलाकात की। इस अवसर पर संगठनात्मक विषयों पर विस्तार से चर्चा करते हुए उन्होंने आगामी कार्यक्रमों, बूथ स्तर तक संगठन विस्तार तथा जनसंपर्क अभियानों को लेकर सार्थक विचार-विमर्श किया।

विधायक श्री जैन ने कहा कि “संगठन की मजबूती ही हमारी सबसे बड़ी शक्ति है। जब कार्यकर्ता सक्रिय और समर्पित होते हैं, तब ही पार्टी जनता की अपेक्षाओं पर खरी उतरती है।” उन्होंने कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि वे सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को घर-घर तक पहुंचाने में सक्रिय भूमिका निभाएं तथा समाज के प्रत्येक वर्ग से सतत संवाद बनाए रखें।

विधायक ने सभी कार्यकर्ताओं के उत्साह, समर्पण और ऊर्जा को नमन करते हुए संगठन को और अधिक सशक्त बनाने का संकल्प दोहराया।

ये रहे शामिल

इस अवसर पर भाजपा जिला अध्यक्ष आलोक तिवारी, विधायक जगन्नाथ रघुवंशी, राव बृजेंद सिंह यादव, नगर पालिका अध्यक्ष  नीरज मनोरिया,  सुभाष जैन,  लड्डू राम कोरी,  उमेश रघुवंशी, शिवनाम यादव, नारायण प्रसाद शर्मा, गजराम सिंह सहित बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी उपस्थित रहे।

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सागर में शिव मंदिर पढ़िए

Maha Shivratri 2026 : पटनेश्वर धाम :सागर में 800 साल पुराना है शिव मंदिर ▪️रानी लक्ष्मी बाई खैर को आया था पटनेश्वर का स्वप्न : फिर कराया गया निर्माण

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Maha Shivratri 2026 : सागर के रावतपुरा आश्रम में 75 फीट ऊंची भगवान सदाशिव की प्रतिमा : दर्शनों को उमड़ेगी भीड़

Maha Shivratri 2026 : सागर के रावतपुरा आश्रम में 75 फीट ऊंची भगवान सदाशिव की प्रतिमा : दर्शनों को उमड़ेगी भीड़


तीनबत्ती न्यूज :  14 फरवरी 2026

सागर : सागर शहर के वेदांती स्थित रावतपुरा सरकार आश्रम में 75 फीट ऊंची भगवान सदाशिव की भव्य प्रतिमा स्थापित की गई है। ध्यान मुद्रा में निर्मित इस प्रतिमा का लोकार्पण 5 जुलाई 2025 को श्री रावतपुरा सरकार की उपस्थिति में हुआ। लगभग दो वर्षों में तैयार की गई यह प्रतिमा आधुनिक तकनीक से निर्मित तथा भूकंप-रोधी है। इसके निर्माण में छत्तीसगढ़ और राजस्थान के मूर्तिकारों का विशेष योगदान रहा।


पिछले साल हुआ था लोकार्पण भव्य समारोह में

प्रतिमा स्थापना के उपलक्ष्य में सात दिवसीय भव्य महोत्सव आयोजित किया गया, जिसमें ज्ञानयज्ञ, धार्मिक कथा और सांस्कृतिक कार्यक्रम शामिल रहे। बुंदेलखंड क्षेत्र में यह प्रतिमा आस्था और पर्यटन का प्रमुख केंद्र बनकर उभरी है। यह भगवान शिव की तीसरी विशाल प्रतिमा है, जिसे श्री रावतपुरा सरकार द्वारा स्थापित किया गया है, और इसका उद्देश्य क्षेत्र में आध्यात्मिकता एवं पर्यटन को बढ़ावा देना है।

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सागर में शिव मंदिर पढ़िए

Maha Shivratri 2026 : पटनेश्वर धाम :सागर में 800 साल पुराना है शिव मंदिर ▪️रानी लक्ष्मी बाई खैर को आया था पटनेश्वर का स्वप्न : फिर कराया गया निर्माण

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Maha Shivratri 2026 : पटनेश्वर धाम :सागर में 800 साल पुराना है शिव मंदिर ▪️रानी लक्ष्मी बाई खैर को आया था पटनेश्वर का स्वप्न : फिर कराया गया निर्माण

Maha Shivratri 2026

पटनेश्वर धाम :सागर में 800 साल पुराना है शिव मंदिर

▪️रानी लक्ष्मी बाई खैर को आया था पटनेश्वर का स्वप्न : फिर कराया गया निर्माण


तीनबत्ती न्यूज: 14 फरवरी , 2026

सागर : मध्यप्रदेश के सागर जिले के रहली मार्ग पर ढाना के नजदीक पटना गांव में बने ऐतिहासिक शिव मंदिर को पटनेश्वर धाम कहा जाता है। यहां के इतिहास और भक्तों की कहानी इस मंदिर को अपने आप में अनूठा बनाती हैं। करीब 800 साल पुराने इस मंदिर का निर्माण सागर के तत्कालीन राजा की पत्नी लक्ष्मी बाई खेर ने कराया था। लक्ष्मीबाई खेर अक्सर रहली जाया करती थीं और जाते समय उनका पड़ाव पटना गांव में पढ़ता था, यहां पर उन्होंने शिव मंदिर का निर्माण कराया था। गांव का नाम पटना होने के कारण मंदिर पटनेश्वर धाम कहलाने लगा। यहां भगवान शिव स्वयंभू हैं। भगवान भोलेनाथ यहां पंचायतन रूप में विराजमान है।

महादेव के तिलक के साथ विवाह समारोह प्रारंभ

जहां तक भगवान शिव की बात करें, तो उनका विवाह महाशिवरात्रि के दिन होता है। लेकिन बुंदेलखंड के ऐतिहासिक पटनेश्वर मंदिर में भगवान महादेव का विवाह समारोह बसंत पंचमी से शुरू हो जाता है और महाशिवरात्रि तक चलता है। खास बात ये है कि ये परंपरा करीब 100 साल पुरानी है और इसका उल्लेख गजेटियर में भी किया गया है। विवाह समारोह की परंपरा अनुसार, सबसे पहले तिलक का कार्यक्रम होता है। जिस तरह किसी भी विवाह समारोह में सबसे पहले दूल्हे का तिलकोत्सव होता है, तो उसी तरह पटनेश्वर में भगवान महादेव की तिलकोत्सव होता है। 


पटनेश्वर मंदिर का इतिहास

मंदिर समिति के के मुताबिक, सागर रेहली मार्ग पर सागर से करीब 20 किमी दूर ढाना कस्बे के नजदीक प्राचीन और ऐतिहासिक पटनेश्वर मंदिर स्थित है। मंदिर का निर्माण सागर की मराठा रानी लक्ष्मीबाई खैर द्वारा कराया गया था। उनके सपने में भगवान शिव आए थे, तब उन्होंने मंदिर का निर्माण करवाया। कहा जाता है कि रानी लक्ष्मीबाई खैर काफी धर्मपरायण थी और उन्होंने सागर के साथ-साथ रहली में कई मंदिरों का निर्माण कराया था. जिनमें हरसिद्ध मंदिर रानगिर, टिकीटोरिया मंदिर, पंढरीनाथ मंदिर और जगदीश मंदिर प्रमुख हैं। रानी लक्ष्मीबाई खैर मंदिरों के दर्शन के लिए अक्सर सागर से रहली जाया करती थीं, तो उनका काफिला ढाना के पास विश्राम के लिए रूकता था. वहीं रानी लक्ष्मीबाई खैर ने भगवान शिव का मंदिर स्थापित कराया था. आज इस मंदिर की पहचान पटनेश्वर मंदिर के नाम से है और यहां कई तरह के आयोजन और कार्यक्रम आयोजित होते रहते हैं।

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सात दिन तक चलेगा मेला, महाशिवरात्रि पर भव्य आयोजन

भगवान शिव की विवाह परम्परा तिलक के साथ शुरू होती है। साथ ही रूद्र यज्ञ का शुभारंभ हो जाता है। दूसरे दिन महादेव का महाअभिषेक, तीसरे दिन भगवान शिव का सहस्त्र अर्जन और चौथे दिन महाआरती होती है। इसके बाद महाशिवरात्रि को भगवान महादेव का विवाह संपन्न होता है। बसंत पंचमी से लेकर महाशिवरात्रि के दिन तक बुंदेलखंड में होने वाले विवाहों की परम्पराए पटनेश्वर मंदिर में निभाई जाती हैं। महाशिवरात्रि के अवसर पर यहां विशाल मेला भरता है, जहां हजारों की संख्या में शिवभक्त इकट्ठा होते हैं।


बाजीराव पेशवा से जुदा इतिहास

दरअसल, महाराजा छत्रसाल और बाजीराव पेशवा के युद्ध के बाद बुंदेलखंड के इतिहास में मराठाओं का उदय हुआ था। महाराजा छत्रसाल वृद्धावस्था में पहुंच गए थे। तब मुगल शासक मोहम्मद बंगश ने उन पर हमला कर दिया था। जैतपुर में युद्ध के दौरान छत्रसाल हार रहे थे। इस दौरान उन्होंने कई हिंदू राजाओं से मदद मांगी थी लेकिन मुगलों से टकराने कोई तैयार नहीं था। तब बाजीराव पेशवा ने छत्रसाल की मदद की और छत्रसाल ने युद्ध जीतने पर बुंदेलखंड में बाजीराव पेशवा के लिए उपहार स्वरूप कई गढ़ भेंट किए थे। बाजीराव पेशवा ने अपने विश्वस्त गोविंद राव खेर के लिए ये इलाका सौंपा था और फिर गोविंद राव खैर की वंशज रानी लक्ष्मी बाई ने ये मंदिर बनवाया।



सोमवार को लगता है भक्तों का तांता

भगवान शिव का अभिषेक और श्रावण सोमवार के अवसर पर हजारों की संख्या में भक्तों का तांता लगता है। सावन में यहां भगवान शिव का दर्शन पूजन और अभिषेक किया भजन कीर्तन होता है। अभी वर्तमान में गुरु पूर्णिमा के पर्व से श्रावण मास माह राम नाम संकीर्तन होगा। प्रत्येक सोमवार को अनुष्ठान होते हैं। सावन मास में पटनेश्वर धाम का दर्शन और पूजन करना विशेष फलदाई है। दिव्य अलौकिक सौंदर्य लिए भगवान यहां विराजमान है। सुबह मंगल आरती से रात्रि की आरती तक नित्य रोज पूजन अर्चन यहां पर होता है।


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Sagar: 50 लाख रुपए की बेशकीमती शासकीय भूमि कराई अतिक्रमण मुक्त

Sagar: 50 लाख रुपए की बेशकीमती शासकीय भूमि कराई अतिक्रमण मुक्त 


तीनबत्ती न्यूज:  13 फरवरी 2026

सागर: कलेक्टर सागर संदीप जी आर के निर्देश पर अनुविभागीय अधिकारी बंडा  रवीश श्रीवास्तव के आदेश पर तहसीलदार श्री मोहित जैन द्वारा गठित राजस्व निरीक्षक पटवारियों की टीम द्वारा नगर बंडा की बेश कीमती एक एकड़ शासकीय भूमि अतिक्रमण मुक्त कराई नगर परिषद बंडा के सीएमओ श्री अहिरवार अपने अतिक्रमण विरोधी दस्ता के साथ थाना प्रभारी उदेनिया पुलिस बल की उपस्थिति में ग्राम बंडा की शासकीय भूमि खसरा नंबर 823 के भाग रकवा एक एकड़ जो वार्ड क्रमांक 4 में मीट मार्केट पर लोगों द्वारा पक्का स्थाई अतिक्रमण कर लिया था उसे प्रशासन द्वारा मौके पर पहुंच अतिक्रमण हटाए जाने की कार्यवाही को अंजाम दिया गया।





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सांसों के लिए दो माह के अयांश का जीवन संघर्ष: पूर्व गृहमंत्री भूपेन्द्र सिंह की पहल से मुंबई में होगा मासूम के हार्ट का आपरेशन

सांसों के लिए दो माह के अयांश का जीवन संघर्ष:  पूर्व गृहमंत्री भूपेन्द्र सिंह की पहल से मुंबई में होगा मासूम के हार्ट का आपरेशन


तीनबत्ती न्यूज: 13 फरवरी, 2026

सागर। सागर जिले के मालथौन विकासखण्ड के ग्राम पाती खेड़ा निवासी मात्र 2 माह के अयांश को जन्म से आई हृदय की गंभीर बीमारी का उपचार पूर्व गृहमंत्री,  भूपेन्द्र सिंह के प्रयासों से मुंबई के एसआरसीसी हास्पिटल में शुरू हो गया है। एक-एक सांस के लिए जूझते तड़पते अयांश को आक्सीजन सपोर्ट के सहारे लेकर उसके मां पिता बीना, सागर, भोपाल, नागपुर और रायपुर तक की अस्पतालों में भर्ती करा चुके थे लेकिन केस की जटिलता से उसका आपरेशन नहीं हो पा रहा था।

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सांसों के लिए दो माह के अयांश का जीवन संघर्ष : पूर्व गृहमंत्री भूपेन्द्र सिंह की पहल से मुंबई में होगा मासूम के हार्ट का आपरेशन

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विधायक कार्यालय में किया संपर्क

मालथौन विकासखण्ड के ग्राम पाती खेड़ा निवासी सूरज सिंह राजपूत और तुलसा राजपूत ने रायपुर की अस्पताल से पूर्व गृहमंत्री भूपेन्द्र सिंह के कार्यालय में संपर्क करके अपने इकलौते बेटे अयांश की जीवन मृत्यु के बीच झूलने की परिस्थिति बताई थी। पूर्व गृहमंत्री भूपेन्द्र सिंह ने अयांश के परिजनों से पूरी जानकारी ली और उन्हें तुरंत रायपुर से लौटकर सागर बुंदेलखंड मेडीकल कालेज में अयांश को लाने को कहा। वापस लौटने पर तुरंत बीएमसी में अक्षांश को दाखिल कराया गया जहां उसे आक्सीजन सपोर्ट पर डाक्टरों की निगरानी में रखा गया। इस बीच पूर्व गृहमंत्री श्री भूपेन्द्र सिंह ने सागर जिला कलेक्टर संदीप जीआर और सीएमएचओ श्रीमती ममता तिमोरी को प्रकरण से अवगत कराया और हर संभव प्रयास करके अयांश के उपचार की व्यवस्था करने के लिए विस्तार से चर्चा की। पूर्व मंत्री श्री सिंह ने स्वयं एसआरसीसी हास्पिटल मुंबई में संपर्क करके चिकित्सकों से अयांश की मेडीकल हिस्ट्री को कंसल्ट किया। यह हास्पिटल “राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम“ के तहत बच्चों के हृदयरोग के उपचार के लिए चिन्हित किया गया है। मुंबई के हास्पिटल ने आपरेशन से अयांश का उपचार करने पर सहमति जताई।


एक दिन में हुआ रजिस्ट्रेशन

पूर्व गृहमंत्री, खुरई विधायक भूपेन्द्र सिंह ने  सागर जिला कलेक्टर और सीएमएचओ श्रीमती ममता तिमोरी से चर्चा कर सिर्फ एक दिन के भीतर अयांश का मुख्यमंत्री बाल हृदय उपचार योजना में अयांश का पंजीयन कराया और एयर एंबुलेंस से अयांश को मुंबई भेजना तय कर लिया। लेकिन ग्रामीण पृष्ठभूमि के परिजनों ने एयर एंबुलेंस से मुंबई जाने से इंकार करते हुए सड़क मार्ग से जाने पर जोर दिया तब प्रशासन ने 11 फरवरी की शाम 108 एंबुलेंस सेवा से आक्सीजन और टेक्निकल सपोर्ट के साथ सड़क मार्ग से अयांश और उनके परिजनों को मुंबई रवाना किया। व्यवस्थाओं के लिए सीएमएचओ स्वयं तब तक अयांश के साथ मौजूद रहीं जब तक वह उपचार के लिए एंबुलेंस से मुंबई रवाना नहीं हो गया।

मुंबई में इलाज शुरू

आखिरकार 12 फरवरी की रात सागर की 108 एंबुलेंस ने दो माह के अयांश को एसआरसीसी हास्पिटल मुंबई में दाखिल कराया जहां के चिकित्सक और स्टाफ पूर्व गृहमंत्री भूपेन्द्र सिंह की सूचना पर उसकी प्रतीक्षा कर रहे थे। यहां अस्पताल ने अयांश के परीक्षणों के साथ आपरेशन और उपचार की प्रक्रिया शुरू कर दी है।  भूपेन्द्र सिंह और सभी ग्राम पातीखेड़ा निवासी अयांश के सफल आपरेशन के लिए प्रयासों के साथ साथ प्रार्थना भी कर रहे हैं। पांच नगरों के विभिन्न अस्पतालों में भटकने के बाद अब अयांश उपचार के लिए सही जगह और सही हाथों में है।


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बुलेट ट्रेन को एक लाख करोड़ और बुंदेलखंड में रेलों को पांच फीसदी भी नहीं : रघु ठाकुर ▪️राज्यसभा सांसद संजय सिंह बोले - भारत - अमरीका व्यापार समझौता किसानों का डेथ वारंट ▪️बुंदेलखंड सर्वदलीय संघर्ष मोर्चा ने जंतर-मंतर दिल्ली में दिया धरना

बुलेट ट्रेन को एक लाख करोड़ और बुंदेलखंड में रेलों को पांच फीसदी भी नहीं  : रघु ठाकुर 

▪️राज्यसभा सांसद संजय सिंह बोले - भारत - अमरीका व्यापार समझौता किसानों का डेथ वारंट 

▪️बुंदेलखंड सर्वदलीय संघर्ष मोर्चा ने जंतर-मंतर दिल्ली में दिया धरना 


तीनबत्ती न्यूज: 13 फरवरी, 2026

दिल्ली।' सरकार यदि आबादी के हिसाब से  बजट आवंटित करे तो बुंदेलखंड जैसे अंचलों का पिछड़ापन , बेरोजगारी और ग़रीबी दूर हो सकती है, लेकिन सरकार एक ओर बुलेट ट्रेन पर एक लाख करोड़ खर्च कर सकती है लेकिन बुंदेलखंड को उसकी जरूरत के मुताबिक रेल लाइन के लिए पांच हजार करोड़ भी नहीं देना चाहती। सही नीति से इसे ठीक किया जा सकता है।' सुप्रसिद्ध सोशलिस्ट चिंतक व जननेता रघु ठाकुर ने आज दिल्ली के जंतर-मंतर पर बुंदेलखंड सर्वदलीय नागरिक संघर्ष मोर्चा के धरना में बोलते हुए यह बात कही। उन्होंने आह्वान किया कि सरकार की  भेदभावपूर्ण नीति का प्रतीकात्मक विरोध आने वाली होली से शुरू किया जाये।इस धरने में शामिल होने व समर्थन देने बुंदेलखंड सहित छत्तीसगढ़ व विदर्भ से भी लोग आये थे। रघु ठाकुर की अगुवाई में साल 2009 से यह धरना हर साल जाड़ों में होता है। इस साल धरने के तहत भारतीय हॉकी के गौरव मेजर ध्यानचंद व सागर विश्वविद्यालय के संस्थापक हरिसिंह गौर को भारतरत्न से अलंकृत करने, बुंदेलखंड को रेल सेवाओं से जोड़ने व अंचल में पर्यटन परिपथ विकसित करने की मांग मुख्य रूप से शामिल है। जिन मार्गों पर रेल सेवा शुरू करने की मांग की गई है उनमें भिंड- बांदा - महोबा, ललितपुर - सागर, सागर - छिंदवाड़ा, छतरपुर - सागर, झांसी - शिवपुरी और ललितपुर - चंदेरी मार्ग शामिल हैं।

धरने के बाद प्रधानमंत्री, रेलमंत्री व वनमंत्री को ज्ञापन सौंपा गया।धरने को राज्यसभा सदस्य व आम आदमी पार्टी के नेता संजय सिंह सहित अनेक गणमान्य लोगों ने संबोधित किया।

संजय सिंह ने अपने भाषण में केन्द्र सरकार की नीतियों की कड़ी आलोचना करते हुए कहा कि लगातार जनविरोधी और किसान-विरोधी फैसले लिए जा रहे हैं। हाल का भारत - अमरीका व्यापार समझौता इसका ताजा प्रमाण है जिसमें अमरीका तो भारतीय माल पर मनमाना आयात कर लगा रहा है लेकिन भारत में अमरीकी माल आने की पूरी छूट का इंतजाम कर दिया गया है। यह समझौता नहीं बल्कि किसानों के ' डेथ वारंट ' पर दस्तखत हैं जिसके चलते भारत के किसान बर्बाद होंगे और अमरीका के उन किसान मुनाफा कमायेंगे जिन्हें वहां की सरकार अच्छी खासी सब्सिडी देती है।

संजय सिंह ने भारतीय जनता पार्टी की सरकार को 'भारतीय जुमला पार्टी ' बताते हुए कहा कि हर साल दो करोड़ नौकरी, फसल का दाम दोगुना करने , हर खाते में पंद्रह लाख रुपए आने जैसे वादे तो पूरे किए नहीं, उल्टे देशभर में एक लाख स्कूल बंद कर दिए गए, प्रति व्यक्ति आय घटती चली गई और देश तरक्की के मामले में 142 वें नंबर पर चला गया। संजय सिंह ने इन नीतियों के विरोध में सड़क से संसद तक संघर्ष करने की जरूरत बताई।

रघु ठाकुर ने इस अवसर कहा कि विभिन्न अंचल के जनप्रतिनिधि बंधुआ मजदूर जैसा व्यवहार कर रहे हैं। उन्हें लगातार अंचल के हित में मांग करनी चाहिए, लेकिन वे चुप रहते हैं। दूसरी ओर विभिन्न राज्यों के मुख्यमंत्री राजे रजवाड़ों के अंदाज में लोकलुभावन घोषणाएं कर रहे हैं, जबकि हर क्षेत्र को उसकी जनसंख्या के हिसाब से बजट मिलना चाहिए। आखिर जनता की गाढ़ी कमाई का पैसा है।

रघु ठाकुर ने योजना के लागू होने में विलम्ब का विषय उठाते हुए याद दिलाया कि अटल विहारी वाजपेई के प्रधानमंत्री काल में छतरपुर में केन - वेतवा परियोजना की घोषणा की थी जिसे अमली जामा पहनाने में दो दशक से ज्यादा लग गये।

ये हुए शामिल

धरने में आये लोगों को   कांग्रेसी पूर्व विधायक तरवर सिंह,आम आदमी पार्टी की नेत्री  श्री  मति अनीता सिंह लोकतांत्रिक समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष शंभूदयाल बघेल , उपाध्यक्ष श्यामसुंदर यादव व मुकेश चंद्रा, जावेद लोसपा महासचिव, मध्यप्रदेश के अध्यक्ष विन्ध्येश्वरी पटेल, श्री हरपाल सिंह जयंत तोमर, सतीश भारतिय ब्रिज किशोरजेन( ललितपुर)अनूप सिंह ( छिंदवाड़ा) , अशोक पंडा ( छत्तीसगढ़) ,  प्रवीण पांडे फतेहपुर दया शंकर शर्मा  मसौढ़ी से  धीरेन्द्र पासवान, निसार  कुरेशी  ,हकीम असगर खान शिव नेताम ( धमतरी, छत्तीसगढ़) , डॉ शिवा श्रीवास्तव आप के श्री  सर्वेश मिश्रा आदि ने संबोधित किया। रामकुमार पचौरी ने संचालन किया.

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सागर में भगवान शिव की 71 फीट की प्रतिमा : नीचे 12 ज्योतिर्लिंग के दर्शन

सागर में भगवान शिव की 71 फीट की प्रतिमा :  नीचे 12 ज्योतिर्लिंग के दर्शन


तीनबत्ती न्यूज:  13 फरवरी 2026

सागर : बुंदेलखंड के सागर में भी एक ऐसा ही अद्भुत स्थान श्री शिव शक्ति धाम है जहां 71 फीट ऊंचे भगवान शिव की प्रतिमा है और प्रतिमा के नीचे गुफा बनी हुई है जिसमें 12 ज्योतिर्लिंग स्वरूप विराजमान हैं। यहां पर भोलेनाथ की पूजा अर्चना करने और उनके दर्शन करने के लिए रोजाना सैकड़ो की संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं तीज त्योहार पर विशेष आयोजन यहां पर होते हैं जिसमें हजारों की संख्या में लोग धाम पर पहुंच कर ज्योतिर्लिंग स्वरूप के दर्शन करते हैं। गुफा में दर्शन के लिए सैकड़ो की संख्या में श्रद्धालुओं की लाइन लगती है जहां पर श्रद्धालु खड़े होते हैं वहां अलग-अलग ज्योतिर्लिंग का अलग-अलग वर्णन फ्लैक्स एवं फोटो के माध्यम से जैप है जिन्हें लोग पढ़कर इनका महत्व समझ सकते हैं। इसके बाद गुफा के अंदर प्रवेश करते ही सबसे पहले सोमनाथ फिर मल्लिकार्जुन, जैसे-जैसे आगे बढ़ते जाते हैं तो ओंकारेश्वर, बैद्यनाथ, भीम शंकर, रामेश्वर, नागेश्वर, विश्वनाथ, त्र्यंबकेश्वर, केदारनाथ, घुश्मेश्वर के दर्शन होते जाते हैं और दूसरी तरफ से गुफा से बाहर निकल आते हैं।

शिवशक्ति धाम की स्थापना

इस संसार में सबसे जल्दी प्रसन्न होने वाले देवाधिदेव महादेव के 12 ज्योतिर्लिंग स्वरूप के सुबह शाम स्मरण करने मात्र से मनुष्य के सात जन्मों के पाप नष्ट हो जाते हैं और अगर इन स्वरूप के एक साथ दर्शन हो तो लोगों के निश्चित ही भाग्य बदल जाते है। जहां बाबा भोलेनाथ के शिवलिंग के सामने बैठने पर मन को अनूठी शांति मिलती है शिवशक्ति धाम की महिमा अपरंपार है। इस धाम में प्रतिवर्ष शिवरात्रि के पावन सुअवसर पर शिवशक्ति जागरण का भव्य कार्यक्रम होता आया है।




धाम की स्थापना की कहानी बहुत मनोरंजक एवं भाव-विभोर कर देने वाली है। शिवशक्ति धाम मंदिर की आधारशिला साल 1968 में देवों के देव महादेव ने रखा था। एक साधारण दम्पति दिल्ली में रहते थे, बड़े ही दयालु शिव भगत अपना जीवन यापन कर रहे थे। इस परिवार को व्यापार के काम से साल 2004 में सागर (म.प्र) आना हुआ। इस परिवार ने सागर में व्यापार करने के लिए साल 2006 में जमीन खरीदी। तब यहां पीपल का पेड़ और पीपल के पेड़ के पास शिव मंदिर स्थापित था। परिवार को अनुभूति हुई कि देवों के देव महादेव ने जैसे उन्हें आदेश दिया हैं, कि यहाँ एक सुन्दर मंदिर की स्थापना हो तब कर्नाटक के मूर्तिकारों के द्वारा भगवान शिव की विशाल मूर्ति को आकार दिया गया।

महाशिवरात्रि का आयोजन

महाशिवरात्रि के दिन यहां पर 50 हजार से 1 लाख लोग दर्शन करने आते हैं। जितने भी लोग यहां आते हैं वे यहां के भंडारे में जरूर प्रसाद ग्रहण करते हैं। यज्ञ, हवन, आरती, रुद्राभिषेक, भजन, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के साथ देर रात तक मंदिर में पूजा-अर्चना की जाती है। शिव शक्ति धाम बहेरिया के सेवा धारी बाबू सिंह राजपूत ने कहा कि भगवान भोलेनाथ की प्रेरणा से दिल्ली के पवन जिंदल साहब ने यह स्थान बनवाने के लिए बुंदेलखंड को चुना यह हम सबके लिए हर्ष की बात है। साल 2007 में इस मंदिर का निर्माण शुरू हुआ था। 71 फीट ऊंची शिव प्रतिमा और उसके नीचे 12 ज्योतिर्लिंग स्वरूप में भगवान विराजमान है, 2009 से यहां श्रद्धालुओं को दर्शन करने का लाभ मिल रहा है। यह मंदिर परिसर करीब पौने दो एकड़ की जगह में फैला हुआ है। जो भी भक्त सच्चे मन से श्रद्धा भाव से आकर भगवान के दर्शन करता है




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Sagar: प्रश्न-पत्र परीक्षा केन्द्र पर देरी से पहुंचा : कलेक्टर प्रतिनिधि पटवारी सस्पेंड

Sagar: प्रश्न-पत्र परीक्षा केन्द्र पर देरी से पहुंचा : कलेक्टर प्रतिनिधि पटवारी सस्पेंड 


तीनबत्ती न्यूज:  13 फरवरी 2026

सागर: कलेक्टर संदीप जी आर के निर्देश पर पटवारी तहसील शाहगढ़ एवं कलेक्टर प्रतिनिधि प्रमोद यादव को पुलिस थाना शाहगढ़ से विलंब से प्रश्न पत्र निकालने एवं परीक्षा केन्द्र शासकीय उ०मा० विद्यालय, तारपोह, विकासखण्ड शाहगढ़ पर प्रश्न पत्रों के विलंब से पहुंचाने पर अनुविभागीय अधिकारी बण्डा ने तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया।

अनुविभागीय अधिकारी बण्डा कार्यालय से जारी निलंबन आदेश के अनुसार कलेक्टर प्रतिनिधि प्रमोद यादव द्वारा प्रातः 07ः40 बजे पर प्रश्न-पत्र पुलिस थाने से निकाले गये, एवं दिनांक 13.02.2026 को भी कलेक्टर प्रतिनिधि पटवारी पुलिस थाना शाहगढ़ में प्रातः 08ः05 पर उपस्थित हुये। परीक्षा केन्द्र शा०उ०मा० विद्यालय तारपोह की दूरी पुलिस थाना शाहगढ़ से 15 कि०मी० है, जिससे प्रश्न-पत्र समय पर परीक्षा केन्द्र पर पहुंचने मे विलम्ब हुआ और परीक्षा प्रभावित हुई। ज्ञातव्य हो कि कलेक्टर प्रतिनिधि  प्रमोद यादव पटवारी तहसील शाहगढ़ को पहले ही अवगत करा दिया गया था कि मंडल द्वारा आयोजित परीक्षा के प्रश्न पत्र को पुलिस थाना से निकालने का समय प्रातः 6 बजे से 7 बजे तक निर्धारित किया गया हैं फिर भी कलेक्टर प्रतिनिधि पटवारी ने लापरवाही बरतते हुए प्रश्न पत्रों को विलंब से निकाला।


प्रमोद यादव, पटवारी, तहसील शाहगढ़ द्वारा शासकीय कार्य में गम्भीर लापरवाही बरती जा रही है एवं इनके द्वारा किया गया उक्त कृत्य अपने पदीय दायित्वों के निर्वहन के प्रति घोर लापरवाही, अनुशासनहीनता व स्वेछाचारिता का द्योतक है जिस पर पटवारी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया।

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