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सागर: मां की अंतिम इच्छा पूरी कर बेटियों ने कराया मरणोपरांत नेत्रदान, दो लोगों की जिंदगी में लौटेगा उजाला


सागर: मां की अंतिम इच्छा पूरी कर बेटियों ने कराया मरणोपरांत नेत्रदान, दो लोगों की जिंदगी में लौटेगा उजाला


तीनबत्ती न्यूज: 06 जुलाई, 2026

सागर। सागर में सड़क दुर्घटना में 52 वर्षीय श्रीमती भारती जैन के आकस्मिक निधन के बाद उनकी बेटियों ने मां की अंतिम इच्छा का सम्मान करते हुए मरणोपरांत नेत्रदान कराकर मानवता की मिसाल पेश की। इस प्रेरणादायी निर्णय से दो दृष्टिहीन लोगों के जीवन में नई रोशनी लौटने की उम्मीद जगी है।

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स्थानीय चकराघाट स्थित लक्ष्मीनारायण मंदिर के पास रहने वाली श्रीमती भारती जैन का सड़क हादसे में निधन हो गया। शोक की इस घड़ी में उनकी बेटियों प्रियांशी, गुंजन और मिनी ने बताया कि उनकी मां जीवनभर नेत्रदान करने की इच्छा व्यक्त करती थीं। उनके निधन के तुरंत बाद परिजनों और दामाद प्रखर जैन ने बिना विलंब किए मोहन फाउंडेशन को सूचना दी।

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सूचना मिलते ही मोहन फाउंडेशन ने बुंदेलखंड चिकित्सा महाविद्यालय (बीएमसी), सागर के आई बैंक की प्रभारी डॉ. सारिका चौहान को अवगत कराया। इसके बाद आई बैंक की टीम तत्काल बीएमसी की मोर्चरी पहुंची और परिजनों की लिखित सहमति तथा सभी चिकित्सीय मानकों का पालन करते हुए कॉर्निया सुरक्षित निकालकर आई बैंक में संरक्षित किया गया।

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परिवार का निर्णय समाज के लिए प्रेरणा

बीएमसी के अधिष्ठाता डॉ. पी. एस. ठाकुर ने शोकाकुल परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि अपार दुख के समय भी जैन परिवार ने जिस संवेदनशीलता का परिचय दिया, वह समाज के लिए अनुकरणीय है। उन्होंने कहा कि मां की अंतिम इच्छा का सम्मान करते हुए बेटियों द्वारा लिया गया यह निर्णय दो दृष्टिहीन व्यक्तियों के जीवन में उजाला लाने का माध्यम बनेगा।

वहीं नेत्र रोग विभागाध्यक्ष डॉ. प्रवीण खरे ने भी परिवार के इस निर्णय की सराहना करते हुए इसे सामाजिक जागरूकता और मानव सेवा का उत्कृष्ट उदाहरण बताया।

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इनकी रही महत्वपूर्ण भूमिका

पूरी प्रक्रिया को सफलतापूर्वक संपन्न कराने में आई बैंक की टीम के डॉ. अंजलि वीरानी पटेल, डॉ. पुरवा, डॉ. मोदी, डॉ. अजय, डॉ. हर्षिता सहित नर्सिंग स्टाफ राम लखन मीणा, ओमप्रकाश कुमावत एवं अन्य पैरामेडिकल कर्मचारियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

क्या है नेत्रदान?

चिकित्सकों के अनुसार नेत्रदान वास्तव में कॉर्निया दान होता है। यह पूरी तरह स्वैच्छिक प्रक्रिया है और मृत्यु के 4 से 6 घंटे के भीतर इसे पूरा करना आवश्यक होता है। बीएमसी सागर के आई बैंक में यह सुविधा 24 घंटे उपलब्ध है।

नेत्रदान से संबंधित जानकारी या आकस्मिक सूचना के लिए आई बैंक हेल्पलाइन: 7697271108 पर संपर्क किया जा सकता है।


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सागर: कलेक्टर प्रतिभा पाल का सख्त एक्शन, गलत डेटा फीड करने वाली ANM होंगी निलंबित

सागर: स्वास्थ्य सेवाओं में लापरवाही पर कलेक्टर प्रतिभा पाल सख्त, गलत डेटा फीड करने वाली एएनएम को निलंबित करने के निर्देश


तीनबत्ती न्यूज: 6 जुलाई 2026

सागर: जिले की स्वास्थ्य सेवाओं में किसी भी प्रकार की लापरवाही अब बर्दाश्त नहीं की जाएगी। कलेक्टर प्रतिभा पाल ने जिला स्वास्थ्य समिति की समीक्षा बैठक में स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों को कड़े निर्देश देते हुए कहा कि जनता के स्वास्थ्य से जुड़े सभी कार्य सर्वोच्च प्राथमिकता पर किए जाएं।

बैठक के दौरान स्वास्थ्य पोर्टल पर गलत और फर्जी डेटा फीड किए जाने का मामला सामने आने पर कलेक्टर ने नाराजगी जताई। उन्होंने निर्देश दिए कि जो भी एएनएम गलत अथवा फर्जी जानकारी पोर्टल पर दर्ज कर रही हैं, उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित किया जाए। उन्होंने कहा कि गलत आंकड़ों के कारण हाई रिस्क गर्भवती महिलाओं की सही पहचान नहीं हो पाती, जिससे मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित होती हैं।

सागर: जुआ प्रकरण और अनुशासनहीनता पर स्वास्थ्य विभाग की बड़ी कार्रवाई, वार्डबॉय सस्पेंड

शत-प्रतिशत एएनसी पंजीयन सुनिश्चित करने के निर्देश

कलेक्टर ने सभी ब्लॉक मेडिकल अधिकारियों (बीएमओ) को निर्देश दिए कि जिले में एक भी गर्भवती महिला का एएनसी (ANC) पंजीयन और स्वास्थ्य परीक्षण नहीं छूटना चाहिए। प्रथम, द्वितीय, तृतीय और चतुर्थ एएनसी जांच का पूरा और सही रिकॉर्ड पोर्टल पर दर्ज किया जाए।

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हाई रिस्क गर्भवती महिलाओं की पहले से हो पहचान

बैठक में उच्च जोखिम वाली गर्भवती महिलाओं की समय रहते पहचान करने और उनकी डिलीवरी चिन्हित अस्पतालों में सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। साथ ही गंभीर एनीमिया से पीड़ित महिलाओं के समुचित उपचार और नवविवाहित महिलाओं की समग्र आईडी आशा कार्यकर्ताओं के माध्यम से अनिवार्य रूप से बनवाने पर भी जोर दिया गया।

हर शनिवार होगी सेक्टर स्तर की समीक्षा

कलेक्टर ने ब्लॉक स्तर पर स्वास्थ्य सेवाओं की निगरानी मजबूत करने के लिए प्रत्येक शनिवार सेक्टर स्तर की बैठक आयोजित करने और उसके बाद बीएमओ द्वारा विस्तृत समीक्षा करने के निर्देश दिए। जिन सेक्टरों में एएनएम के पद रिक्त हैं, वहां अन्य उपलब्ध एएनएम को प्रभार देकर कार्य सुचारू रूप से संचालित करने को कहा गया।

टीकाकरण, एनआरसी और राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों की समीक्षा

बैठक में शिशु मृत्यु समीक्षा, मातृ मृत्यु समीक्षा, टीकाकरण, खसरा एवं पल्स पोलियो अभियान की तैयारियों की भी समीक्षा की गई। कलेक्टर ने निर्देश दिए कि टीकाकरण संबंधी सभी आंकड़े समय पर एचएमआईएस से यू-विन पोर्टल पर दर्ज किए जाएं।

इसके अलावा जिले के सभी 9 पोषण पुनर्वास केंद्र (एनआरसी) की कार्यप्रणाली की समीक्षा करते हुए कुपोषित बच्चों के उपचार में तेजी लाने के निर्देश दिए गए। टीबी, मलेरिया और कुष्ठ नियंत्रण कार्यक्रमों की प्रगति की समीक्षा करते हुए तय लक्ष्यों को समय-सीमा में पूरा करने के निर्देश भी दिए गए।

बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी विवेक के. वी., प्रभारी सीएमएचओ डॉ. देवेश पटेरिया, जिला कार्यक्रम अधिकारी भरत सिंह राजपूत सहित स्वास्थ्य एवं महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।

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सागर: जुआ प्रकरण और अनुशासनहीनता पर स्वास्थ्य विभाग की बड़ी कार्रवाई, वार्डबॉय सस्पेंड

 सागर: जुआ खिलाने वाला स्वास्थ्य केंद का वार्ड बॉय सस्पेंड


तीनबत्ती न्यूज: 6 जुलाई 2026

सागर: मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) सागर ने अनुशासनहीनता एवं विभाग की छवि धूमिल करने के आरोप में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) बरकोटी में पदस्थ वार्डबॉय प्रताप सिंह चौहान को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।

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जारी आदेश के अनुसार, प्रताप सिंह चौहान के विरुद्ध 25 जून 2026 को थाना सुरखी में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की विभिन्न धाराओं के तहत जुआ प्रकरण में अपराध दर्ज किया गया था। इसके बाद 1 जुलाई 2026 को एक समाचार पत्र में "गाड़ी की नंबर प्लेट पर 'सरपंच' लिखकर रौब झाड़ना तथा जुआ फड़ चलाने के आरोप में गिरफ्तारी" संबंधी समाचार प्रकाशित हुआ, जिससे स्वास्थ्य विभाग की छवि प्रभावित हुई।

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सीएमएचओ द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि संबंधित कर्मचारी का आचरण कदाचार की श्रेणी में आता है तथा यह मध्यप्रदेश सिविल सेवा (आचरण) नियम का उल्लंघन है। इसी आधार पर मध्यप्रदेश सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियम के प्रावधानों के तहत प्रताप सिंह चौहान को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया है।

निलंबन अवधि के दौरान उनका मुख्यालय नियमानुसार निर्धारित रहेगा तथा उन्हें नियमों के अनुसार जीवन निर्वाह भत्ता देय होगा।

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अविराज सिंह युवाओं के लिए आइकान : प्रो एसपी व्यास . युवा प्रतिभा अविराज सिंह का सम्मान, महिषासुरमर्दिनी स्तोत्र पाठ ने मोहा मन

अविराज सिंह युवाओं के लिए आइकान : प्रो एसपी व्यास 

▪️शब्द सुमन अर्पण" सम्मान समारोह में श्यामलम् सहित अनेक संस्थाओं ने अविराज सिंह का सम्मान और अभिनन्दन किया

▪️अविराज के महिषासुरमर्दिनी स्त्रोत के कंठस्थ पाठ को सुनकर हतप्रभ हो गया पद्माकर सभागार


तीनबत्ती न्यूज: 05 जुलाई, 2026

सागर। अविराज सिंह जब महिषासुर मर्दिनी स्रोत सुना रहे थे तो हम उनके अंतस के संस्कारों के प्रतिबिम्ब को देख रहे थे। उन्होंने अपने भीतर संस्कारों को सिंचित कर रखा है। अविराज अपने नाम के अनुरूप सूर्य की तरह प्रकाशित हैं। वे युवाओं के लिए आइकान हैं,उनका होना उनके माता पिता के लिए आल्हाद का विषय बना रहेगा। यह उद्गार डा हरी सिंह गौर विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति, फार्मेसी विभाग के पूर्व अध्यक्ष प्रो डा एसपी व्यास ने सांस्कृतिक संस्था श्यामलम् द्वारा आयोजित सागर की युवा प्रतिभा श्री अविराज सिंह के सम्मान समारोह को मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित करते हुए व्यक्त किए। भारतीय संस्कृति के प्राचीन महामंत्रों श्री महिषासुरमर्दिनी, श्री शिवतांडव स्तोत्र व श्री वेंकटेश्श स्त्रोतम् के कंठस्थ पाठ को युवा पीढ़ी में लोकव्यापीकरण के लिए आयोजित किए गए इस सम्मान समारोह में श्यामलम् के साथ सागर नगर की अनेक सांस्कृतिक, साहित्यिक, सामाजिक व धार्मिक संस्थाओं ने अविराज सिंह का अभिनंदन और सम्मान किया है।

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महिषासुरमर्दिनी स्तोत्र के कंठस्थ पाठ से गूंजा सागर, अविराज सिंह का हुआ सम्मान

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कार्यक्रम के मुख्य अतिथि प्रोफेसर एसपी व्यास ने कहा कि मैं एक वैज्ञानिक होने के नाते कहता हूं कि ईश्वर है। अविराज सिंह के कंठस्थ महिषासुरमर्दिनी स्रोत के पाठसे यहां जो वातावरण निर्मित हुआ वह भी इसका प्रमाण है कि ईश्वर है। महिषासुरमर्दिनी स्रोत की शब्द श्वास और ऋचाओं के प्रभाव से उत्पन्न एनर्जी लेबल पर जाकर हम क्वांटम थ्योरी को महसूस कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति के वेदों की ऋचाएं और मंत्रों के श्लोक स्वयं ऐसे योग्य पात्रों का आहृवान करते हैं कि आओ और अपने अधरों से मुझे गाकर अमर बना दो।  उन्होंने कहा कि जहां संस्कार हैं वहां महिषासुरमर्दिनी हैं। अविराज ने स्वामी विवेकानंद के कथन को उद्धृत किया है कि महिषासुरमर्दिनी स्रोत ज्ञान और प्रज्ञा की प्रार्थना है। यह पुरुष के भीतर विद्यमान नारी की अस्मिता को जगाने और उसका सम्मान करने की प्रार्थना है। 


सनातन में जाकर अपनी जड़ों को ढूंढ़ना होगा

प्रो व्यास ने युवाओं से आह्वान करते हुए कहा कि हमें सनातन में जाकर अपनी जड़ों को ढूंढ़ना होगा। मेरे बच्चो, युवाओ आंखों, ऐसे मंत्रों को गाओ, अपने भीतर की ऋणात्मकता को समापन करो और अपना जीवन ऊर्जा से भर कर सार्थक करो। प्रो व्यास ने कहा कि मैं उस मां की वंदना करना चाहता हूं जिसकी गोद में अविराज जैसा सूर्य के प्रकाश की तरह ऊर्जा बिखेरने वाला युवा बड़ा हुआ है। उन्होंने कहा कि आज अविराज की प्रतिभा का सम्मान करने सागर की समस्त सांस्कृतिक हरियाएं प्रवाहित हो कर समुद्र में आकर समाहित हो गई हैं जैसे संपूर्ण सागर सम्मान के लिए यहां उमड़ आया है। उन्होंने अपने संबोधन में अविराज से कहा कि हमारी संस्कृति और हमारा नगर आप पर गर्व करता है। आप आईकानिक हैं। मैं स्वयं आपका फालोअर हूं और आपके वीडियो देखता हूं। आपके माता पिता ने उम्र में आपको कमल की तरह खिला दिया, यह उनके संस्कारों की भी परिणिति है। अआपकी ऊर्जा ऊर्ध्वगामी हो और निरंतर उन्नति करें।


आगे और स्त्रोतों के कार्यक्रम हो

कार्यक्रम के अध्यक्ष डा हरी सिंह गौर विश्वविद्यालय के देवभाषा संस्कृत विभाग के अध्यक्ष प्रो शशिकुमार सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि अविराज सिंह ने कंठस्थ किए गए तीनों स्त्रोतों से भारत की सांस्कृतिक एकता अखंडता को भी सिद्ध किया है। भारत में सनातन की मुख्य रूप से तीन धाराएं शैव, शाक्त और वैष्णव हैं जिनके प्रतिनिधि स्त्रोत क्रमशः शिवतांडव स्तोत्र, महिषासुरमर्दिनी स्रोत और श्री वैंकटेश स्त्रोत हैं। अविराज सिंह ने तीनों स्त्रोतों को आत्मसात कर भारतीय संस्कृति की आत्मा को आत्मसात कर लिया है। उन्होंने कहा कि अविराज सिंह चारों गुणों स्मृति, बोध, चिंतन और आचरण में पारंगत हैं।  ऐसा व्यक्ति ही देश, समाज और संस्कृति को जान पाएगा और आगे ले जाएगा। उन्होंने कहा कि मैं आग्रह करूंगा कि जैसा अद्भुत कार्यक्रम आज महिषासुरमर्दिनी स्रोत के पाठ के साथ यहां संपन्न हुआ आगे शिवतांडव स्तोत्र तथा श्री वेंकटेश स्त्रोत के भी आयोजित हों।

युवा उपयोगी रील बनाए

कार्यक्रम की विशिष्ट अतिथि वरिष्ठ साहित्यकार सुश्री डॉ शरद सिंह ने कहा कि अविराज सिंह जी के आयु के ज्यादातर अन्य युवा अनुपयोगी रीलें देखने और सोशल मीडिया पर अपना समय व्यर्थ कर रहे हैं तो भविष्य के प्रति आशंकाएं होती हैं लेकिन जब अविराज सिंह जैसे युवा इस डिजिटल क्रांति के युग में धर्म ध्वजा और संस्कृति की पताका लेकर खड़े दिखाई देते हैं तो एक विश्वास पैदा होता है कि हमारी संस्कृति अजेय है। इतना सब कुछ याद रखना और प्रवाह पूर्ण स्त्रोत का पाठ निर्दोष रूप से करना बहुत ही चुनौती भरा काम है। वह भी इस आयु में । उन्होंने कहा कि महिषासुरमर्दिनी स्त्रोत से संदेश मिलता है कि स्त्री कमजोर नहीं है, स्त्री के अंदर जो शक्ति मौजूद होती है उसको स्मरण रखना चाहिए तो यह समाज में सुधार लाने का भी कार्य करेगा। स्त्रोत का महत्व समझेंगे तो निश्चित रूप से नारी का सम्मान करेंगे। उन्होंने कहा कि अविराज सिंह युवाओं के प्रतिनिधि हैं, युवाओं के लिए एक आइकन हैं,वे हम सब का भरोसा हम सबके लिए एक भविष्य का प्रतीक हैं।


आत्मशक्ति को जागृत करने वाला दिव्य मंत्र

युवा नेता अविराज सिंह ने कहा कि महिषासुर मर्दिनी स्तोत्र केवल देवी की स्तुति नहीं, बल्कि मनुष्य के भीतर सुप्त पड़ी आत्मशक्ति को जागृत करने वाला दिव्य मंत्र है। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार एक छोटा बालक संकट के समय अपनी मां को पुकारता है और मां तुरंत उसकी रक्षा के लिए दौड़ी चली आती है, उसी प्रकार जब श्रद्धा और विश्वास के साथ महिषासुर मर्दिनी स्तोत्र का पाठ किया जाता है तो मां भगवती अपने भक्तों पर कृपा बरसाती हैं। उन्होंने कहा कि इस स्तोत्र का प्रत्येक शब्द साधक के भीतर साहस, आत्मविश्वास और आध्यात्मिक शक्ति का संचार करता है तथा जीवन की कठिन परिस्थितियों का सामना करने की नई ऊर्जा प्रदान करता है। अविराज सिंह ने कहा कि आधुनिक वैज्ञानिक दृष्टिकोण से भी मंत्रों और स्तोत्रों के उच्चारण का मानव मस्तिष्क पर सकारात्मक प्रभाव पड़ता है। उन्होंने कहा कि जब कोई श्रद्धापूर्वक महिषासुर मर्दिनी स्तोत्र का पाठ करता है तो उसके मस्तिष्क में सकारात्मक कंपन (वाइब्रेशन) उत्पन्न होते हैं। यही सकारात्मक ऊर्जा व्यक्ति के मन, बुद्धि और आत्मा को नई शक्ति प्रदान करती है। उन्होंने कहा कि इन आध्यात्मिक कंपन के प्रभाव से मनुष्य का मन अधिक स्थिर, साहसी और आत्मविश्वासी बनता है तथा उसके भीतर से भय, निराशा और कायरता जैसी नकारात्मक भावनाएं स्वतः समाप्त होने लगती हैं।


कार्यक्रम का आरंभ सरस्वती पूजन व मुकेश तिवारी द्वारा प्रस्तुत मां सरस्वती वंदना से हुआ। संतोष पाठक ने अधिराज सिंह का जीवन परिचय वाचन किया। तत्पश्चात् अविराज सिंह ने महिषासुरमर्दिनी स्रोत का कंठस्थ सस्वर पाठ कर सबको अभिभूत कर दिया। अभिनंदन पत्र वाचन वरिष्ठ साहित्यकार हरिसिंह द्वारा किया गया। तत्पश्चात् श्यामलम्, श्रुति मुद्रा सांस्कृतिक समिति, बुनियाद संस्थाओं की ओर से अध्यक्ष उमाकांत मिश्र व कविता शुक्ला द्वारा अविराज सिंह का सम्मान का क्रम प्रारंभ किया गया।



विशिष्ट अतिथि सुश्री शरद सिंह, योगाचार्य विष्णु आर्य, डा राजेंद्र चऊदा, इंजीनियर प्रकाश चौबे, विहिप नेता अजय दुबे, ज्ञानी गुरबचन सिंह, अंबिका प्रसाद यादव, सुनीला सराफ, सुरजीत सिंह, प्रवाह संस्था के अध्यक्ष संतोष रोहित ने सम्मान किया। सम्मान करने के लिए क्रमशः सरस्वती वाचनालय एवं पुस्तकालय की ओर से सचिव शुकदेव तिवारी एवं रिंकू सरवैया, सरस्वती मंदिर बड़ा बाजार की ओर से यशोवर्धन चौबे मनोज शुक्ला, डा वंदना गुप्ता, बुंदेलखंड हिंदी साहित्य संस्कृति विकास मंच की ओर से कवि पूरन सिंह राजपूत, योगेन्द्र राजपूत, अनाज व्यापारी संघ की ओर से अध्यक्ष महेश साहू , सागर इंजीनियर फोरम की ओर से अभिजीत जड़िया व राजकुमार नामदेव, एकता समिति की ओर से चंपक भाई, नगर परिषद खुरई की ओर से अध्यक्ष श्रीमती नन्हीं बाई अहिरवार, बर्रीटोरिया समिति की ओर से पूर्व विधायक कुरवाई वीर सिंह पवार ने ने सम्मान किया। संचालन अंजना चतुर्वेदी तिवारी ने तथा आभार प्रदर्शन रमाकांत शास्त्री ने किया।



ये हुए शामिल

कार्यक्रम की दर्शक दीर्घा में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के विभाग प्रमुख डा जीएस चौबे,पूर्व गृहमंत्री, खुरई विधायक श्री भूपेन्द्र सिंह, महापौर श्रीमती संगीता सुशील तिवारी, पूर्व सांसद राजबहादुर सिंह, श्रीमती संध्या भार्गव, पार्षदगण राजकुमार पटेल, नरेश यादव, सोमेश जड़िया, शैलेन्द्र ठाकुर, सूरज घोसी, अमन चौरसिया, वरिष्ठ वकील रश्मि ऋतुजैन, वीरेन्द्र सिंह, एड दीपा तिवारी, लक्ष्मण सिंह लोधी, नवीन भट्ट्, पारंग शुक्ला ,राजीव सोनी सहित अनेक जनप्रतिनिधि, गणमान्य जन, साहित्यकार, समाज सेवी संगठनों के सदस्य कार्यक्रम में शामिल हुए।


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सागर: हत्या के प्रयास के मामले में फरार आरोपी जिला पंचायत सदस्य सर्वजीत लोधी गिरफ्तार, मंत्री प्रह्लाद पटेल ने उठाए सवाल

सागर: हत्या के प्रयास के मामले में फरार जिला पंचायत सदस्य सर्वजीत लोधी गिरफ्तार, मंत्री प्रह्लाद पटेल ने जताया विरोध


तीनबत्ती न्यूज: 05 जुलाई, 2026

सागर। मध्यप्रदेश के सागर जिले की बांदरी थाना पुलिस ने हत्या के प्रयास के मामले में फरार चल रहे जिला पंचायत सदस्य एवं भाजपा नेता सर्वजीत लोधी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के अनुसार आरोपी वर्ष 2024 में दर्ज हत्या के प्रयास सहित अन्य गंभीर धाराओं के मामले में फरार चल रहे थे। गिरफ्तारी के बाद उन्हें न्यायालय में पेश किए जाने की प्रक्रिया की जा रही है।पिछले तीन दिन में दो भाजपा नेताओं पर FIR दर्ज हुई है। इनमें एक की गिरफ्तारी हुई है। इन कार्रवाई से हड़कंप मचा है। 

यह है मामला

बांदरी थाना प्रभारी सुमेर सिंह ने बताया कि वर्ष 2024 में थाना क्षेत्र स्थित सौरभ ढाबा पर फायरिंग और मारपीट की घटना के बाद सर्वजीत लोधी एवं अन्य आरोपियों के विरुद्ध हत्या के प्रयास सहित विभिन्न धाराओं में प्रकरण दर्ज किया गया था। पुलिस का कहना है कि आरोपी की तलाश लगातार की जा रही थी और अब उसे गिरफ्तार कर लिया गया है।

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मंत्री प्रह्लाद पटेल ने जताई आपत्ति

गिरफ्तारी के बाद प्रदेश की राजनीति भी गरमा गई है। मध्यप्रदेश शासन के कैबिनेट मंत्री प्रह्लाद सिंह पटेल ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाए। उन्होंने लिखा कि जिला पंचायत सदस्य सर्वजीत सिंह की गिरफ्तारी दुर्भाग्यपूर्ण है। उनका कहना है कि दो वर्षों तक मामले को लंबित रखने के बाद की गई यह कार्रवाई उन्हें अपमानित करने का प्रयास प्रतीत होती है। उन्होंने इस कार्रवाई की निंदा करते हुए मुख्यमंत्री और प्रदेश भाजपा नेतृत्व को भी अपनी पोस्ट में टैग किया।


प्रह्लाद सिंह पटेल ने अपनी पोस्ट में लिखा:​"सागर जिले में जिला पंचायत सदस्य एवं लोधी क्षत्रिय महासभा के युवा प्रदेश अध्यक्ष प्रिय सर्वजीत सिंह जिला पंचायत सदस्य की सागर पुलिस द्वारा गिरफ्तारी दुर्भाग्यपूर्ण है। दो वर्षों से इस प्रकरण में असमंजस बनाए रखना और फिर गिरफ्तार करना? यह सिर्फ अपमानित करने की कोशिश है। मैं ऐसी कार्रवाई की निंदा करता हूँ।"

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गिरफ्तारी की टाइमिंग पर उठे सवाल

गिरफ्तारी के बाद स्थानीय स्तर पर पुलिस कार्रवाई को लेकर कई तरह की चर्चाएं सामने आ रही हैं। लोगों के बीच यह सवाल उठ रहा है कि यदि आरोपी वर्ष 2024 से फरार था तो गिरफ्तारी में इतना लंबा समय क्यों लगा। वहीं यह भी चर्चा है कि इस दौरान सर्वजीत लोधी कई सार्वजनिक, सामाजिक और राजनीतिक कार्यक्रमों में नजर आते रहे।हालांकि इन चर्चाओं पर पुलिस या प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।

तीन दिन में दो भाजपा नेताओं पर FIR एक की गिरफ्तारी

सागर जिले में भाजपा नेताओं पर FIR और गिरफ्तारी से हड़कंप मचा हुआ है। दो दिन पहले बुंदेलखंड मेडिकल कालेज सागर के महिला स्टाफ से बदसलूकी के मामले में भाजपा युवा मोर्चा के प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य अनिल श्रीवास्तव पीपरा पर मामला दर्ज हुआ। उनकी गिरफ्तारी और जमानत दोनों हुई।

इसके बाद भाजपा के पूर्व पार्षद बबलू कमानी ने अपने जन्मदिन पर तलवार से केक काटने और हवा में हथियार लहराने के मामले के वायरल वीडियो पर उन पर FIR दर्ज की गई। वर्तमान में बबलू कमानी की पत्नी किश्वर बी नगरनिगम सागर की भाजपा की शुक्रवारी वार्ड से पार्षद है। 

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सागर में महाराज श्री रावतपुरा सरकार के प्राकट्य महोत्सव पर श्रद्धा, सेवा और संस्कार का संगम

परम पूज्य महाराज श्री रावतपुरा सरकार के प्राकट्य महोत्सव पर  सागर में धार्मिक, सांस्कृतिक और जनसेवा कार्यक्रमों का आयोजन 


तीनबत्ती न्यूज: 05 जुलाई,2026

सागर। परम पूज्य महाराज श्री रावतपुरा सरकार के पावन प्राकट्य महोत्सव के अवसर पर श्री रावतपुरा सरकार ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस, सागर में धार्मिक, सांस्कृतिक, सामाजिक एवं जनसेवा से जुड़े विविध कार्यक्रमों का भव्य आयोजन किया गया। पूरे दिन संस्थान परिसर में श्रद्धा, भक्ति और सेवा भाव का वातावरण बना रहा, जिसमें गुरु परिवार के सदस्यों, शिक्षकों, कर्मचारियों, विद्यार्थियों एवं श्रद्धालुओं ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की।


कार्यक्रम का शुभारंभ प्रातःकाल वैदिक मंत्रोच्चार के बीच रुद्राभिषेक, पूजन-अर्चन एवं सामूहिक प्रार्थना से हुआ। इस दौरान राष्ट्र, समाज एवं विश्व कल्याण की मंगलकामना के साथ विशेष आध्यात्मिक अनुष्ठान संपन्न हुए।

जनसेवा के उद्देश्य से आयोजित निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर में लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया तथा विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा आवश्यक परामर्श भी प्रदान किया गया। वहीं विद्यार्थियों के लिए आयोजित पोस्टर निर्माण प्रतियोगिता में सेवा, शिक्षा, पर्यावरण संरक्षण एवं आध्यात्मिक मूल्यों पर आधारित आकर्षक रचनात्मक प्रस्तुतियां देखने को मिलीं।



छात्र-छात्राओं ने भक्ति गीतों एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों की मनमोहक प्रस्तुतियां देकर सभी का मन मोह लिया। सायंकाल श्रद्धा एवं भक्तिभाव के साथ श्री विष्णु अर्चन का आयोजन किया गया।



वृक्षारोपण कर दिया पर्यावरण संरक्षण का संदेश

प्राकट्य महोत्सव के अवसर पर संस्थान परिसर में वृहद वृक्षारोपण अभियान भी चलाया गया। मुख्य प्रशासनिक अधिकारी, शिक्षा संकाय की प्राचार्या, फार्मेसी संकाय की प्राचार्या, गुरु परिवार के सदस्य, शिक्षक, कर्मचारी एवं छात्र-छात्राओं ने पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया।



मानव सेवा और संस्कारों का संदेश

इस अवसर पर मुख्य प्रशासनिक अधिकारी ने कहा कि परम पूज्य महाराज श्री का जीवन मानव सेवा, शिक्षा, संस्कार एवं आध्यात्मिक चेतना का अनुपम उदाहरण है। उनके आदर्शों से प्रेरणा लेकर संस्थान शिक्षा के साथ-साथ सेवा, पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना को निरंतर आगे बढ़ा रहा है। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन समाज में आध्यात्मिक चेतना, स्वास्थ्य जागरूकता तथा मानवीय मूल्यों को सुदृढ़ करने का प्रभावी माध्यम हैं।




कार्यक्रम के समापन पर सभी श्रद्धालुओं एवं उपस्थितजनों को महाप्रसाद वितरित किया गया। पूरे आयोजन में मुख्य प्रशासनिक अधिकारी, प्राचार्यगण, शिक्षकगण, कर्मचारी, गुरु परिवार के सदस्य, छात्र-छात्राएं एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।

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सागर में डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती :भाजपा का जिला कार्यकर्ता सम्मेलन 6 जुलाई को, स्मरण प्रदर्शनी का शुभारंभ

सागर में डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती पर भाजपा का जिला स्तरीय कार्यकर्ता सम्मेलन 06 जुलाई को, स्मरण प्रदर्शनी का शुभारंभ



तीनबत्ती न्यूज: 06 जुलाई , 2026

सागर। भारतीय जनता पार्टी द्वारा भारतीय जनसंघ के संस्थापक, प्रखर राष्ट्रवादी चिंतक एवं महान शिक्षाविद् डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती के अवसर पर सोमवार (6 जुलाई) को जिला स्तरीय कार्यकर्ता सम्मेलन आयोजित किया जाएगा। सम्मेलन से पूर्व रविवार को भाजपा के संभागीय कार्यालय में डॉ. मुखर्जी के जीवन, व्यक्तित्व एवं राष्ट्रनिर्माण में उनके योगदान पर आधारित 125वीं स्मरण प्रदर्शनी का शुभारंभ किया गया।

प्रदर्शनी का उद्घाटन विधायक शैलेन्द्र जैन, भाजपा जिलाध्यक्ष श्याम तिवारी, महापौर संगीता तिवारी, नगर निगम अध्यक्ष वृन्दावन अहिरवार तथा स्मरण पखवाड़ा टोली के जिला संयोजक जगन्नाथ गुरैया ने दीप प्रज्वलित कर किया। इसके बाद सभी अतिथियों ने प्रदर्शनी का अवलोकन किया।

प्रदर्शनी में डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के राष्ट्रनिर्माण में योगदान, भारतीय जनसंघ की स्थापना, राष्ट्रीय एकता और अखंडता के लिए उनके संघर्ष, कश्मीर के पूर्ण एकीकरण हेतु दिए गए बलिदान तथा उनके प्रेरक विचारों को चित्रों, दस्तावेजों और ऐतिहासिक तथ्यों के माध्यम से प्रदर्शित किया गया है। इस अवसर पर जनप्रतिनिधियों एवं भाजपा कार्यकर्ताओं ने उनके चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर श्रद्धांजलि दी।

कार्यक्रम में जिला पदाधिकारी यश अग्रवाल, मनीष चौबे, विक्रम सोनी, निकेश गुप्ता, चेतराम अहिरवार, सुमित यादव, आलोक केसरवानी, विकास सांधेलिया, राहुल वैध, बाल किशन सोनी, अंशुल परिहार, जय सोनी, महिला मोर्चा जिलाध्यक्ष मेघा दुबे, प्रदेश मीडिया पैनलिस्ट रीशांक तिवारी, रश्मि कुशवाहा सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

जिला स्तरीय कार्यकर्ता सम्मेलन

भाजपा जिला मीडिया प्रभारी श्रीकांत जैन ने बताया कि जिला स्तरीय कार्यकर्ता सम्मेलन 6 जुलाई को दोपहर 1:30 बजे नरयावली विधानसभा क्षेत्र के मकरोनिया स्थित बजरिया प्रांगण में आयोजित किया जाएगा। कार्यक्रम में सांसद, विधायक, महापौर, प्रदेश एवं जिला पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि, मंडल एवं मोर्चा पदाधिकारी, बूथ अध्यक्ष, बीएलए तथा बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता शामिल होंगे। इसके साथ ही संगठनात्मक सागर जिले के सभी बूथों पर भी डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की जयंती के अवसर पर विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।


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छतरपुर: फर्जी दिव्यांगता प्रमाणपत्र पर प्राथमिक शिक्षक की नौकरी निरस्त, मेडिकल बोर्ड में केवल 23% दिव्यांगता

छतरपुर: फर्जी दिव्यांगता का मामला, जिला शिक्षा अधिकारी ने प्राथमिक शिक्षक की सेवा की निरस्त


तीनबत्ती न्यूज: 05 जुलाई, 2026

छतरपुर। मध्यप्रदेश के छतरपुर जिले से एक बड़ी खबर सामने आई है, जहाँ दिव्यांग आरक्षण के तहत नियुक्त एक प्राथमिक शिक्षक की सेवा को जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) ने तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया है। यह कार्रवाई शिक्षक की दिव्यांगता प्रतिशत मानक से काफी कम पाए जाने के बाद की गई है।

​क्या है पूरा मामला?

​डीईओ कार्यालय द्वारा जारी आदेश के अनुसार, दमोह जिले की बटियागढ़ तहसील के ग्राम लुकायन (पोस्ट बकायन) निवासी सुरेंद्र पटेल (पिता श्री ऋषि कुमार पटेल, रोल नंबर 22769673) की नियुक्ति 30 मार्च 2023 को शासकीय केंद्रीय प्राथमिक शाला, बक्सवाहा में प्राथमिक शिक्षक के पद पर हुई थी। सुरेंद्र पटेल को यह नियुक्ति दिव्यांग श्रेणी के अंतर्गत श्रवण बाधित (HH - Hearing Handicapped) कोटे से मिली थी।

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​जांच में खुली पोल: केवल 23% पाई गई दिव्यांगता

​नियुक्ति आदेश के प्रावधानों के तहत जब संबंधित शिक्षक का मेडिकल बोर्ड से परीक्षण कराया गया, तो मामला संदिग्ध पाया गया। जिला मेडिकल बोर्ड, छतरपुर द्वारा मामला संभागीय मेडिकल बोर्ड, सागर को रेफर किया गया था।

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​संभागीय मेडिकल बोर्ड, सागर द्वारा 18 जून 2026 को प्रस्तुत की गई प्रमाणीकरण रिपोर्ट में यह खुलासा हुआ कि सुरेंद्र पटेल की श्रवण बाधित दिव्यांगता केवल 23 प्रतिशत ही है। इसके साथ ही मेडिकल बोर्ड ने उन्हें शासकीय सेवा के लिए 'अनफिट' प्रतिवेदित किया।

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नियम क्या कहता है?

दिव्यांगजन अधिकार अधिनियम 2016 के नियमों और शासकीय प्रावधानों के अनुसार, दिव्यांग आरक्षण का लाभ लेने के लिए अभ्यर्थी में कम से कम 40 प्रतिशत स्थायी दिव्यांगता होना अनिवार्य है। सुरेंद्र पटेल की दिव्यांगता निर्धारित न्यूनतम सीमा से 17% कम पाई गई।


​सुनवाई में नहीं दे पाए संतोषजनक जवाब

​मामले की गंभीरता को देखते हुए विभाग द्वारा अभ्यर्थी सुरेंद्र पटेल को 29 जून 2026 को व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होकर अपना पक्ष रखने (सुनवाई का) अवसर दिया गया था। हालांकि, सुनवाई के दौरान शिक्षक अपनी दिव्यांगता के संबंध में कोई ठोस या संतोषजनक जवाब पेश नहीं कर सके।

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​तत्काल प्रभाव से सेवा समाप्त

​शिक्षक द्वारा प्रस्तुत जवाब संतोषजनक न होने और दिव्यांग श्रेणी में पात्रता की शर्तों को पूरा न करने के कारण, जिला शिक्षा अधिकारी (और डिप्टी कलेक्टर) कौशल सिंह ने आदेश जारी कर सुरेंद्र पटेल की प्राथमिक शिक्षक पद पर की गई नियुक्ति को तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया है। विभाग की इस सख्त कार्रवाई से फर्जी प्रमाणपत्रों के सहारे नौकरी पाने वाले तत्वों में हड़कंप मच गया है।

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